अंतर्राष्ट्रीय समाजवाद किसान सैनिक संस्था नई दिल्ली द्वारा आयोजित विश्व आदिवासी सम्मेलन में छत्तीसगढ़ [भिलाई] के वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. परदेशीराम वर्मा ने कहा – ‘5000 हजार वर्षों के ज्ञात इतिहास में आदिवासी समाज ने हर देश में शांति,एकता और समता की दिशा में काम किया. सरल, त्यागी, स्वाभाविक जीवन जीने वाला यह समाज धीरे-धीरे षडयंत्रों और समय की मार से अनुपम एवं अनुकरणीय विशेषताओं के बावजूद बिखरा और आभाहीन हुआ’
👉 • नई दिल्ली में विश्व आदिवासी सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए राजमाता फुलवादेवी कांगे और डॉ. परदेशीराम वर्मा • छत्तीसगढ़ आसपास • 09 अगस्त,...