पुस्तक समीक्षा : साझा काव्य संग्रह ‘जीना इसी का नाम है’ : रचनाकार- रितु शर्मा ‘पाठक’, प्रवेश शर्मा ‘पाठक’ : संपादिका- पूनम पाठक ‘बदायूं’ : समीक्षक- सी पी सुमन यूसुफ़पुरी
आज हम साहित्य के एक संगम पर खड़े हैं। इस स्थान पर एक तरफ़ हैं गंगा की लहरों जैसी 75 कविताएं तो दूसरी तरफ़ हैं...