रचना और रचनाकार- पल्लव चटर्जी 15 hours ago ▪️ • सुरक्षा कवच हेलमेट सड़क पर चलते हुए दो पहिया वाहन चालक को हेलमेट पहनने का महत्व बेहद स्पष्ट है । दुर्घटना के लिए...
होली विशेष [दो फागुनी रचना यें] – तारकनाथ चौधुरी 4 days ago • 1. मुहावरों जैसी होली कोई मुहावरा लगता है,लोकोक्ति कोई सच करता। मस्ती में मस्ताने नाचे, ढोल-नगाडा़ जब बजता। गली-मुहल्ले में हैं दिखते, झुंड के...
इस माह के कवि और कविता – महेश राठौर ‘मलय’ 4 days ago • महेश राठौर 'मलय' [ • छत्तीसगढ़ सारागांव, जिला-जाँजगीर चांपा निवासी 'मलय' जी शासकीय एमएमआर स्नातकोत्तर महाविद्यालय से प्रयोगशाला शिक्षक पद से सेवानिवृत्त हैं. •...
रंग पर्व पर विशेष- डॉ. नौशाद अहमद सिद्दीकी ‘सब्र’ 4 days ago 🤣 • होली का त्योहार मनाना है - डॉ. नौशाद अहमद सिद्दीकी 'सब्र' [ छत्तीसगढ़-भिलाई ] होली का त्यौहार मनाना है,,, हंसना है और सबको...
रंग पर्व होली पर विशेष- नुरूस्सबाह ‘सबा’ 5 days ago ▪️ • ग़ज़ल • दिल से दिल आज मिला ओ तो मेरी होली हो... - नुरूस्सबाह 'सबा' [ छत्तीसगढ़-दुर्ग] दिल से दिल आज मिलाओ तो...
स्तम्भ : कविता आसपास ‘आरंभ’ – विद्या गुप्ता 7 days ago ▪️ हादसा - विद्या गुप्ता [ छत्तीसगढ़-दुर्ग ] थोड़ी देर बाद बदल जाएंगे दृश्य जब वे जानेंगे नहीं है अब नाव में, पतवार खेने वाले...
स्तम्भ : कविता आसपास ‘आरंभ’ – मिताली श्रीवास्तव वर्मा 1 week ago ▪️ अनुभव की संपदा - मिताली श्रीवास्तव वर्मा [ छत्तीसगढ़-भिलाई ] सीख कर अपनी गलतियों से हर कदम सुधार लेता है साथ लेकर अनुभव की...
संस्मरण : ‘धरा का श्रृंगार उल्टा पानी’ – दीप्ति श्रीवास्तव 2 weeks ago ▪️ छत्तीसगढ़ का शिमला 'मैनपाट' - दीप्ति श्रीवास्तव [ छत्तीसगढ़ भिलाई ] धरा अपने वस्त्र की तासीर हर जगह अलग अलग रखती है। कहीं खनिज...
स्तम्भ : कविता आसपास ‘ आरंभ’ – अमृता मिश्रा 2 weeks ago ▪️ एक कदम - अमृता मिश्रा [ दिल्ली पब्लिक स्कूल, भिलाई, छत्तीसगढ़] एक क़दम इतना-सा ही तो फ़ासला है खड़े रहने और चल पड़ने के...
स्तम्भ : कविता आसपास ‘आरंभ’ – पं. अंजू पाण्डेय ‘अश्रु’ 2 weeks ago ▪️ बृज की बात बृज की बात ये बृज के ग्वाल बाल बृज की हर नार पे प्रीत लुटावत् है बार बार बृषभानुजा करे मनुहार...