कविता : ‘ स्वयं सिध्दा ‘ -डॉ.मीता अग्रवाल ‘ मधुर ‘ [रायपुर छत्तीसगढ़]
💓 स्वयं सिध्दा घर-बाहर ज्ञान-विज्ञान कला कौशल अंतरिक्ष सभी हदों को केवल जाना ही नहीं आरोह अवरोह मध्य जूझती विजय-तिलक की हकदार शक्ति की साधक...