poetry

कविता

●लावारिस देह ●संतोष झांझी रात गये रोटी के लिये गुहार लगाती गठरी कथरी कटोरा लिये सर खुजाती बदन खुजाती ,घूमती रहती है एक जीर्णकाया उसे...

ग़ज़ल

●गरीब अंदर ही अंदर आज़ बहुत तैश में है ●क्योंकि उनके पीठ पर बैठे लोग ऐश में है -गोविंद पाल गरीब अंदर ही अंदर आज...

15 साल पहले ट्रेन में खोया सोने का लॉकेट, जानिए आश्चर्य कर देने वाली कहानी

एक जनवरी रेलवे पुलिस ने 2005 में उपनगरीय ट्रेन यात्रा के दौरान खोया हुआ ठाणे की एक महिला का गणेश भगवान बना हुआ सोने का...

बचपन आसपास

●गीत मज़े से गाता ●डॉ. बलदाऊ राम साहू रोना-धोना, आलस करना मुझे नहीं है भाता मैं हूँ सीधा-सादा बच्चा गीत मजे से गाता। छोटे बड़े...

गीत

●मैं हूँ रसगुल्ला ●डॉ.पीसी लाल यादव मैं हूँ रसगुल्ला भईया ,मैं हूँ रसगुल्ला। बड़े चाव से खाते सब ,पंडित हो मुल्ला। मुझे देखकर सबके मुँह...

कविता

●वैक्सीन लगाना ●गोविंद पाल वैक्सीन लगाना किसी इंसान की शारीरिक मृत्यु पर मुझे उतना दुःख नहीं होता जितना इंसानियत की मृत्यु पर किसी देह की...

कविता

●अग्निपरीक्षा ●संतोष झांझी अग्निपरीक्षा केवल क्या एक शब्द मात्र है ? त्रेता युग में घटी एक घटना मात्र बस ? सीता की अग्निपरीक्षा से निकली...

लघुकथा

●बांटने का सुख ●तेजराम शाक्य बांटने का सुख आज की बात एक घटना से प्रारंभ करते है। बात 60 के दशक की होगी जब उस...

बचपन आसपास

●कबूतर आया ●डॉ. बलदाऊ राम साहू उड़ते हुए कबूतर आओ मेरी छत के ऊपर आओ। पंछी भी आएँगे उड़ते तुम भी साहस भरकर आओ। इधर...

बचपन आसपास

●खेल रही है पानी से ●डॉ. माणिक विश्वकर्मा 'नवरंग' ●कोरबा-छत्तीसगढ़ खेल रही है पानी से छिपकर नाना-नानी से हँसकर बोला करती है गुपचुप तितली रानी...
1 85 86 87 88 89 101

Vehicle

Latest Vechile Updates