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कॉफी विथ साहित्यिक विचार- विमर्श आड्डा-48 : ‘बंगीय साहित्य संस्था’ के सक्रिय सदस्य आलोक कुमार चंदा का अवतरण दिवस : काव्य पाठ

👉 { बाएँ से } प्रदीप भट्टाचार्य, वीरेंद्रनाथ सरकार, डॉ. भवानी प्रसाद मुखर्जी, रविंद्रनाथ देबनाथ, गोविंद पाल, आलोक कुमार चंदा, प्रकाशचंद्र मण्डल, बृजेश्वर मलिक, सोमाली शर्मा, स्मृति दत्ता और समरेंद्र विश्वास.
छत्तीसगढ़ आसपास { 27 जुलाई : इंडियन कॉफी हाउस, भिलाई निवास }
1960 में स्थापित बांग्ला रचनाकारों की रचनात्मक संस्था ‘बंगीय साहित्य संस्था’ वर्षभर विभिन्न साहित्यिक आयोजन के साथ-साथ प्रति शनिवार ‘कॉफी विथ साहित्यिक विचार-विमर्श आड्डा’ विगत 4 वर्षों से करते आ रही है. संस्था द्वारा बांग्ला में एक साहित्यिक पत्रिका ‘मध्यबलय’ का भी प्रकाशन किया जाता है,जिसके संपादक हैं दुलाल समाद्दार.‘बंगीय साहित्य संस्था’ के पूर्व सभापति सुविख्यात लेखक व वयोवृद्ध साहित्यकार डॉ. भवानी प्रसाद मुखर्जी की अध्यक्षता में आज ‘कॉफी विथ साहित्यिक विचार-विमर्श’ की 48वीं कड़ी में उपस्थित हुए-
‘बंगीय साहित्य संस्था’ की उप सभापति, ख्यातिलब्ध लेखिका स्मृति दत्ता, संस्था के उप देष्ट्ता एवं बांग्ला-हिंदी के अंतर्राष्ट्रीय कवि गोविंद पाल, बांग्ला-हिंदी के कवि दुलाल समाद्दार, संस्था के उप सचिव,बांग्ला-हिंदी के राष्ट्रीय कवि व नाट्यकार प्रकाशचंद्र मण्डल, बांग्ला के सुप्रसिद्ध कवि समरेंद्र विश्वास, बांग्ला कवियित्री सोमाली शर्मा, हिंदुत्ववादी कवि पं. वासुदेव भट्टाचार्य,बांग्ला- हिंदी के विचारवादी कवि,लेखक वीरेंद्रनाथ सरकार,हिंदी के राष्ट्रवादी कवि बृजेश्वर मलिक, सामाजिक चिंतक रविंन्द्रनाथ देबनाथ, प्रगतिशील कवि प्रदीप भट्टाचार्य और बर्थडे बॉय आलोक कुमार चंदा.
प्रारंभ में आलोक कुमार चंदा का जन्मोउत्सव मनाया गया. केक काटा गया. पुष्पगुच्छ देकर सदस्यों ने शतायु होने की शुभकामनाएं दी और केक खिलाकर उज्जवल भविष्य की कामना की.
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स्मृति दत्ता, प्रकाशचंद्र मण्डल और गोविंद पाल ने आलोक कुमार चंदा के जन्मदिन पर केंद्रित रचनाओं का पाठ किए-
👉 स्मृति दत्ता कविता पाठ करती हुई…
👉 गोविंद पाल कविता पाठ करते हुए…
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अन्य बाकी कवियों ने बांग्ला- हिंदी में समकालीन कविता/वर्षा ऋतु पर कविता/छोटी-छोटी कविता/लंबी कविता/प्रगतिशील परंपरा को जोड़ती कविता का पाठ किया.
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संचालन प्रकाशचंद्र मण्डल ने किया. आभार व्यक्त करते हुए आलोक कुमार चंदा ने कहा कि मेरे जन्मदिवस को सार्थक करने के लिए आप सबका दिली शुक्रिया.
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‘कॉफी विथ साहित्यिक विचार- विमर्श आड्डा-48’ की कुछ सचित्र झलकियाँ-

👉 {बाएँ से} रविंद्रनाथ देबनाथ, दुलाल समाद्दार और आलोक कुमार चंदा

👉 {बाएँ से} गोविंद पाल, पं. वासुदेव भट्टाचार्य, प्रकाशचंद्र मण्डल और आलोक कुमार चंदा

👉 {बाएँ से} वीरेंद्रनाथ सरकार, डॉ. भवानी प्रसाद मुखर्जी और गोविंद पाल

👉 सोमाली शर्मा की बांग्ला कृति ‘हृदय की नीरव दैनंदिनी’, प्रदीप भट्टाचार्य को भेंट करते हुए…

👉 स्मृति दत्ता को अपनी कृति भेंट करते हुए कृतिकारा सोमाली शर्मा

👉 सोमाली शर्मा और स्मृति दत्ता कविता पाठ करती हुई…

👉 ‘बंगीय साहित्य संस्था’ के सदस्य
[ 👉 रपट, प्रदीप भट्टाचार्य 👉 फोटो सौजन्य दुलाल समाद्दार और वीडियो सौजन्य वीरेंद्रनाथ सरकार ]
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chhattisgarhaaspaas
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