गीत 5 years ago तेरे कारन -किशोर कुमार तिवारी छत्तीसगढ़ सुधियों का भंडार भरा है तेरे कारन । अधरों से श्रृंगार झरा है तेरे कारन ।। हृदय की बगिया...
ख़ाली कविता -आलोक शर्मा 5 years ago वह अंतर्मुखी था भरे दिलवाला मगर आंखों में खालीपन था सब बोल- बोलकर दुनिया कमा रहे थे बोलते समय वह शब्द को सजाता नहीं था...
नव गीत 5 years ago संतोष झाँझी भिलाई-छत्तीसगढ़ जब उलझा उलझा सा हो मन मन में उलझन सी छाई हो ये मन तब कैसे उल्लसित हो जब मन में गहरी...
कविता 5 years ago अक्षय पात्र -रमेश कुमार सोनी बसना-छत्तीसगढ़ 1 असहमति - जाने कैसे स्वीकार कर लेते हैं लोग अश्लील दॄश्य , फूहड़ गाने बजबजाते नाले सड़कों की...
ग़ज़ल 5 years ago भाव नया जगाना है - बलदाऊ राम साहू दुर्ग-छत्तीसगढ़ धीरे-धीरे भीग रहा है माँ का आँचल आँसू से, पर बेटे को याद कहाँ है मन...
कोरोना- तेरी ऐसी तैसी – सी ए भूषण चिपड़े 5 years ago 1. Lockdown भी नया सुना और सीखा quarantine... Isolation में गले सुख गए छूट गई थी wine.... काढा पी लो, अदरक खा लो ये बातें...
ग़ज़ल 5 years ago यादें-मेहबूब तस्वीर लिए बैठी हूँ मोहब्बत की जागीर लिए बैठी हूँ -कविता बिष्ट देहरादून, उत्तराखंड यादें मेहबूब तस्वीर लिए बैठी हूँ मोहब्बत की जागीर लिए...
कविता 5 years ago नारी बने कल्याणी -श्रीमती वंदना खरे, कोरबा-छत्तीसगढ़ नारी तो है गुणों की खान , आओ करते हम उसका बखान। दुर्गा, लक्ष्मी ,पार्वती सरस्वती के रूपों...
कविता 5 years ago आदमी -सदानंद टोकेकर, पुणे-मुंबई क्यूं इतना ख़ुदगर्ज हो गया है आदमी पहले तो था इंसान, इंसान हो गया आदमी बातों-बातों में खेल बन जाता है...
गीत 5 years ago प्यारी बेटियां -उज्ज्वल प्रसन्नो प्रेम के प्रकाश का जीवन के विकास का । अद्भुत अनुपम आधार बेटियाँ।। सृष्टि का आधार अनोखा दुख में संबल। सुख...