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भिलाई इस्पात संयंत्र के कर्मचारी साहित्यकार यशवंत साहू ‘कोंगनिहा’ द्वारा रचित उपन्यास ‘दाई’ का विमोचन : यशवंत साहू संयंत्र के नगर सेवाएं विभाग {टी एसडी} में प्रवर्तन अनुभाग में सहायक महाप्रबंधक के रूप में पदस्थ हैं

सेल-भिलाई इस्पात संयंत्र के कर्मचारी एवं साहित्यकार श्री यशवंत साहू ‘कोंगनिहा’ द्वारा रचित छत्तीसगढ़ी उपन्यास ‘दाई’ का भव्य विमोचन दिनांक 24 मई 2025 को अभनपुर के मंडी प्रांगण में सम्पन्न हुआ। यह आयोजन छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत, नारी सशक्तिकरण और लोकगाथा के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल थी। श्री यशवंत साहू वर्तमान में संयंत्र के नगर सेवाएं विभाग (टीएसडी) में प्रवर्तन अनुभाग में सहायक महाप्रबंधक के रूप में पदस्थ है।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री (छत्तीसगढ़ शासन) श्री श्याम बिहारी जायसवाल थे। श्री जायसवाल ने श्री यशवंत साहू के उपन्यास का मंच से विमोचन किया व इसकी सफलता हेतु लेखक को बधाई दी। उपन्यास विमोचन कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष (छत्तीसगढ़ कलार समाज) श्री युवराज सिन्हा, अध्यक्ष (योग आयोग, छत्तीसगढ़) श्री रूप नारायण सिन्हा, विधायक (बालोद) श्रीमती संगीता सिन्हा, विधायक (महासमुंद) श्री योगेश्वर राजू सिन्हा, विधायक (अभनपुर) श्री इन्द्र कुमार साहू, तथा महापौर (रिसाली) श्रीमती शशि सिन्हा छत्तीसगढ़ कलार समाज के अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी एवं नागरिकगण भी सम्मिलित हुए।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री (छत्तीसगढ़ शासन) श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने उपन्यास की सराहना करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की महान विभूतियों पर आधारित ऐसे साहित्य से युवाओं को प्रेरणा मिलेगी। मां बहादुर कलारिन का चरित्र समाज के लिए अनुकरणीय है। उन्होंने श्री यशवंत साहू ‘कोंगनिहा’ को इस अनछुए विषय पर उपन्यास लेखन के लिए बधाई दी।
सेल-भिलाई इस्पात संयंत्र के नगर सेवाएं विभाग ने श्री यशवंत साहू को इस उपलब्धि पर बधाई देते हुए उनके साहित्य और संस्कृति के क्षेत्र में इस योगदान को संयंत्र के बहुआयामी प्रतिभा-संपन्न मानव संसाधन के महत्वपूर्ण अंग के रूप में सराहना की है।
उपन्यास ‘दाई’ छत्तीसगढ़ के कलार समाज की कुलदेवी मां बहादुर कलारिन की जीवनगाथा पर आधारित है, जिनका जीवन त्याग, संघर्ष और न्यायप्रियता का अद्वितीय उदाहरण है। उपन्यास में वर्णित है कि किस प्रकार मां बहादुर कलारिन ने एकल संघर्ष के माध्यम से अपने पुत्र छछानछाड़ू को सोररगढ़ का राजा बनाया, परंतु स्त्रियों के अपमान पर उसे मृत्युदंड देने से भी पीछे नहीं हटीं। यह कथा न केवल मातृत्व के गूढ़ स्वरूप को उद्घाटित करती है, बल्कि नारी शक्ति की गौरवगाथा को भी सशक्त रूप में प्रस्तुत करती है।
लगभग 200 पृष्ठों में समाहित यह कृति छत्तीसगढ़ के बारहवीं शताब्दी के सामाजिक, सांस्कृतिक एवं राजनीतिक जीवन का जीवंत चित्रण करती है। लेखक ने उपन्यास के माध्यम से नई पीढ़ी को छत्तीसगढ़ की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत एवं नारी विभूतियों से परिचित कराने का प्रयास किया है।

उल्लेखनीय है कि यशवंत साहू ‘कोंगनिहा’ इससे पूर्व ‘दसमत’ जैसे महत्वपूर्ण उपन्यास की रचना कर चुके हैं, जो विश्वविद्यालय स्तर पर संदर्भ ग्रंथ के रूप में सम्मिलित है। उनके अन्य साहित्यिक कृतियों में “मैं बस्तर स्वर्णिम अतीत”, “वह धरा जहां पर सुर गूंजा”, “संगम”, “राजिम” तथा “पलायन” प्रमुख हैं।
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यूनिवर्सल रेल मिल के कर्मचारी हुए शिरोमणि पुरस्कार से सम्मानित : रेल मिल के विशाल श्रीवास्तव, आकाश कुमार गुप्ता, नवीन कुमार, रतन कुमार साहू और अशोक शर्मा को कर्म शिरोमणि पुरस्कार से सम्मानित किया गया : महाप्रबंधक {यूआरएम} के विशाल गुप्ता ने सम्मानित किया

सेल-भिलाई इस्पात संयंत्र में शिरोमणि पुरस्कार योजना के तहत उत्कृष्ट एवं अनुकरणीय कार्य निष्पादन के लिए पाली एवं कर्म शिरोमणि पुरस्कार से सम्मानित किया जाता है। इसी के तहत संयंत्र के यूनिवर्सल रेल मिल विभाग में शिरोमणि पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया।
समारोह में यूनिवर्सल रेल मिल के श्री विशाल श्रीवास्तव, श्री आकाश कुमार गुप्ता, श्री नवीन कुमार, श्री रतन कुमार साहू व श्री अशोक शर्मा को कर्म शिरोमणि पुरस्कार से सम्मानित किया गया |
शिरोमणि पुरस्कार का मुख्य उद्देश्य अपने कार्यस्थल में नवीनता, बेहतर संसाधनों का उपयोग एवं संगठनात्मक उद्देश्यों को पूरा करने, सुरक्षा के मानक मापदण्डों के साथ विभाग में उल्लेखनीय प्रदर्शन करने वाले कर्मठ एवं सृजनशील कार्मिकों को विशेष पहचान प्रदान कर सम्मानित करना है।
समारोह में महाप्रबंधक प्रभारी (यूआरएम) श्री विशाल गुप्ता ने चयनित कर्मचारियों को स्मृति चिन्ह, प्रशस्ति पत्र, उनके जीवनसाथी हेतु प्रशंसा पत्र तथा मिठाई का कूपन देकर सम्मानित किया। साथ ही उन्होंने शिरोमणि पुरस्कार से सम्मानित होने वाले कार्मिक को बधाई देते हुए उनके कार्य के प्रति कर्मठ योगदान की प्रशंसा की।
समारोह में महाप्रबंधक (यूआरएम) श्री शिशिर शुक्ला, महाप्रबंधक (यूआरएम) श्री रजत मुखर्जी, महाप्रबंधक (यूआरएम) श्री एलियास अहमद, महाप्रबंधक (यूआरएम) श्री भास्कर राॅय, महाप्रबंधक (यूआरएम) श्री डी एन बेहरा, महाप्रबंधक (यूआरएम) श्री रणबीर पाॅल तथा अन्य विभागीय अधिकारीगण सहित मानव संसाधन विभाग मिल जोन-2 से सहायक प्रबंधक सुश्री शिरीन शेक उपस्थित रही।
पुरस्कृत कार्मिकों ने अपने उदगार व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह के पुरस्कार से उनका मनोबल बढ़ा है एवं उन्हें और बेहतर कार्य करने की प्रेरणा मिली है।
कार्क्रम का संचालन व आभार प्रदर्शन अतिरिक्त श्रम कल्याण अधिकारी श्री बहोरन लाल साहू ने किया तथा कार्यक्रम को सफल बनाने में श्री भुवन लाल साहू ने विशेष योगदान दिया।
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