- Home
- Chhattisgarh
- स्मृति शेष पद्मश्री डॉ. सुरेंद्र दुबे : व्यंग्यकार राजशेखर चौबे का व्यंग्य ‘ठहाकों का परिंदा- डॉ. सुरेंद्र दुबे
स्मृति शेष पद्मश्री डॉ. सुरेंद्र दुबे : व्यंग्यकार राजशेखर चौबे का व्यंग्य ‘ठहाकों का परिंदा- डॉ. सुरेंद्र दुबे
डॉ. सुरेंद्र दुबे छत्तीसगढ़िया कवि लेखक और इस सबसे बढ़कर हम सबके प्यारे दुलारे के निधन के समाचार से सभी दुखी हैं। उनकी कविताओं को
यू ट्यूब पर देखते-देखते नींद आ गई । अचानक रात दो बजे लैंडलाइन फोन की घंटी बजी । आज व्यंग्यकार सोए हुए हैं । मैं भी नींद में था । मैंने कहा – हलो हलो , मैं देश का मशहूर व्यंग्यकार राजशेखर बोल रहा हूँ। उधर से आवाज आई – आज सोशल मीडिया के जमाने में हर कोई मशहूर हो गया है । आवाज जानी पहचानी लगी फिर भी मैंने कहा – आप कौन बोल रहे हैं ?
” मैं स्वर्ग से हास्य हास्य का कोकड़ा ( बगुला ) बोल रहा हूँ । ”
” अरे कका , आप तो शुभांशु से भी तेज निकले और इतनी जल्दी स्वर्ग पहुंच गए। वहां से तो केवल भगवान ही बोलते हैं । ”
मैंने पहले ही बता दिया था कि टाइगर अभी जिंदा है । जब तक छत्तीसगढ़ी भाषा और छत्तीसगढ़िया लोग रहेंगे तब तक मैं भी जिंदा रहूंगा ।
” इस बात में कोई शक नहीं है परंतु आपको इतनी जल्दी नहीं जाना था । आप तो लकर्रा ( जल्दी बाजी में काम करने वाला निकले ) ।मुख्यमंत्री साय जी के राज में आपकी कविता सांय सांय चल रही थी । ”
” मैंने पहले ही कहा है मैं हास्य का कोकड़ा हूँ, ठहाकों का परिंदा हूँ और टाइगर अभी जिंदा है । ”
” हमारा छत्तीसगढ़ धन-धान्य से भरपूर है और यहां किसी चीज की कमी नहीं है पर अब आपकी कमी अवश्य खलेगी । ” “अब डायमंड की कमी भी खलेगी ”
” वह कैसे ?”
” ब्लैक डायमंड यानी कि मैं स्वर्ग आ गया हूँ। हा हा हा !”
” हा हा हा !! आपकी बात सुनकर कोई भी अपनी हंसी नहीं रोक सकता पर मेरे आंसू निकल गए । ” ” मेरे जाने के बाद कोई भी मेरे नाम से नहीं रोएगा । सबको हंसना है । ”
” स्वर्ग में आपको और कौन-कौन लोग मिले हैं ? ”
” यहां नेता कम दिखाई देते हैं । वैसे बापू , जवाहर कका और अटल कका से मुलाकात हो गई है ”
” उन्होंने क्या कहा ?”
मुझे वहां जाकर ही पता चला कि वहां 24 घंटा फ्री वाई-फाई उपलब्ध है । ये सभी लोग यू ट्यूब पर मेरी कविताएं सुनते हैं । ये सभी मेरे फैन बन गए हैं । बापू ने मुझसे कहा कि मेरी कविता में गांव की सौंधी खुशबू है, नेहरू जी ने कहा कि उन्हें इस बात की खुशी है कि कांग्रेस की सरकार ने मुझे पद्मश्री प्रदान किया है । ”

“अटल जी ने क्या कहा?
उन्होंने कहा कि मैंने छत्तीसगढ़ राज्य बनाया और तुमने छत्तीसगढ़ का नाम पूरे विश्व में रोशन कर दिया । तुम नहीं मानोगे पर यह बात सच है कि पूर्व राष्ट्रपति कलाम सर यहां आकर हिंदी सीख गए हैं उन्होंने मुझसे कहा कि तुम कलम के धनी हो ।
” पर डॉक्टर साहब आपको इतनी जल्दी नहीं जाना था ।”
” अरे ब्लॉकेज तो किसी भी उम्र में हो सकता है । कुछ दिन पहले ही ‘कांटा लगा ‘ गर्ल शेफाली जरीवाला 42 बरस की उम्र में स्वर्ग आ गई । हम सभी बूढ़े जवानों ने उनसे कांटा लगा डांस की फरमाइश की और हमें निराश नहीं होना पड़ा । ”
” आप वहां संभल कर रहिए और अपने खाने-पीने का ध्यान रखिए । ”
” यहां कोई चिंता नहीं है । कहा जाता है कि बिना मरे स्वर्ग नहीं मिलता । इसका अर्थ यही आकर समझ आता है । यहां बी पी ,शुगर, ब्लॉकेज , कमर दर्द कुछ नहीं होता । आदमी एक ही बार मर सकता है और मैं तो दो दो बार मर चुका हूँ । ”
” आपने सही कहा । वहां सब चंगा सी । वहां न तो इजरायल-ईरान है न ही
पाकिस्तान-भारत है और न तो पुतिन है और न ही ट्रंप है।”
” वहां गाजा भी नहीं है जहां छोटे-छोटे बच्चे भूख और गोली से मर रहे हैं । ”
“वहां ,यहां का सब समाचार मिल जाता है क्या ? ”
हां , वहां मेरे बारे में कौन-कौन क्या-क्या लिख रहे हैं मुझे सब पता है । कितने लोग वहां मेरे बारे में फेंक रहे हैं मालूम है। अधिकांश लोग मेरे कंधे में चढ़कर अपना प्रचार कर रहे हैं।

“क्या मेरे बारे में भी आपके ऐसे ही विचार हैं?”
नहीं , तुम्हारी लिखी एक-एक बात सच है । जो भी इस बात को नहीं समझेगा उसे यह बात हास्य का कोकड़ा समझा देगा । यहां सभी समय के पाबंद है मेरे बात करने का समय समाप्त हो रहा है ।
सुरेंद्र कका यह बताइए कि वहां सभी लोगों ने आपका स्वागत किस तरह से किया । उन सबने मुझसे कहा – ” छत्तीसगढ़िया सबले बढ़िया । ”
.

• राजशेखर चौबे
• संपर्क : 94255 96643
chhattisgarhaaspaas
विज्ञापन (Advertisement)