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UAE में 19 भारतीय गिरफ्तार: ईरान के हमलों के बीच संयुक्त अरब अमीरात सरकार की बड़ी कार्रवाई, आखिर वजह क्या?
Indians Arrested in UAE: अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच भीषण युद्ध जारी है। अमेरिकी-इजराइली हमले का बदला लेने के लिए ईरान (Iran) पूरे मीडिल ईस्ट देशों में ताबड़तोड़ हमले कर रहा है। ईरान के निशाने पर सबसे ज्यादा संयुक्त अरब अमीरात (United Arab Emirates) यानी यूएई है। ईरान के हमलों के बीच संयुक्त अरब अमीरात सरकार ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 35 लोगों को गिरफ्तार करने के आदेश हैं। इन 35 लोगों में 19 भारतीय (19 Indians arrested) हैं। सोशल मीडिया पर युद्ध पर फेक न्यूज और झूठे-भड़काऊ वीडियो क्लिप्स साझा करने के आरोप में ये कार्रवाई की है।
UAE के अटॉर्नी जनरल डॉ. हमद सैफ अल शम्स ने कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म की निगरानी के बाद यह कार्रवाई की गई। ताकि झूठी खबरों से फैलने वाली अफवाह और अशांति को रोका जा सके।
UAE की आधिकारिक समाचार एजेंसी ‘वाम’ के मुताबिक अटॉर्नी जनरल डॉ. हमद सैफ अल शम्सी ने इन गिरफ्तारियों के आदेश दिया है। आरोप है कि इन लोगों ने सोशल मीडिया पर कुछ वीडियो क्लिप डाले, जिनमें भ्रामक और मनगढ़ंत जानकारी थी। इसका मकसद लोगों में डर फैलाना और देश की स्थिरता को खतरे में डालना बताया जा रहा है। बता दें कि UAE सरकार ने ईरान ड्रोन और मिसाइलों से जुड़े वीडियो सोशल मीडिया पर डालने पर बैन लगाया हुआ है।
तीन समूहों में बंटे हैं आरोपी
गिरफ्तारी का आदेश जिन आरोपियों के लिए आया है, उनके सरकार ने उनके अपराधों के हिसाब से तीन ग्रुप में बांट है।
- पहला ग्रुप- असली वीडियो से खिलवाड़
पहले समूह में 10 लोग थे, इनमें 5 भारतीय, 1 पाकिस्तानी, 1 नेपाली, 2 फिलिपिनो और 1 मिस्र का नागरिक शामिल है। इन पर आरोप है कि इन्होंने मिसाइल हमलों से जुड़े असली वीडियो तो डाले, लेकिन उनमें अपनी तरफ से आवाज और कमेंट्री जोड़ दी। ऐसा करके इन्होंने ऐसा दिखाने की कोशिश की जैसे अभी-अभी बड़ा हमला हुआ हो, जिससे लोग घबरा जाएं।
- दूसरा समूह- AI से बनाई गई झूठी क्लिप
दूसरे समूह में 7 लोग हैं, 5 भारतीय, 1 नेपाली और 1 बांग्लादेशी. इनका अपराध सबसे खतरनाक है। इन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल करके ऐसे वीडियो बनाए, जिनमें यूएई में धमाके और मिसाइल गिरने के झूठी फुटेज दिखाए गए। इन वीडियो पर UAE का झंडा और तारीखें लगाकर उन्हें असली साबित करने की कोशिश की गई।
- तीसरा समूह- दुश्मन देश की तारीफ
तीसरे समूह में 6 लोग हैं- जिनमें 5 भारतीय और 1 पाकिस्तानी शामिल है। इन पर आरोप है कि इन्होंने एक दुश्मन देश (जिसका नाम नहीं लिया गया, लेकिन संकेत ईरान की ओर है) के नेताओं और उसकी सेना की तारीफ की। उस देश के हमलों को ‘बड़ी उपलब्धि’ बताकर प्रचार किया गया, जो UAE के राष्ट्रीय हितों के खिलाफ है।
chhattisgarhaaspaas
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