जयकारी – छन्द : नवा साल – कमलेश प्रसाद शर्माबाबू [ कटंगी गंडई, जिला – केसीजी, छत्तीसगढ़ ]
3 years ago
258
0

विशेष : कमलेश प्रसाद शर्माबाबू
दो हजार भागिस तेईस, आवत नवा साल चौबीस।
बारव दीया ओरी ओर, सुघ्घर गाँव गली अउ खोर।।
जय गंगान।
छोड़व दारू गाँजा भाँग, खुटी उपर तैं सबला टाँग ।।
बिगड़े आदत सबो सुधार।बैर भाव ला भुर्री बार।।
जय गंगान।
गुस्सा आवय राखव धीर । ठंडा-ठंडा पी लव नीर।।
राँधव सुघ्घर पूड़ी खीर।अपन हाँथ लिख लव तकदीर।।
जय गंगान।।
नवा साल के कर शुरुवात ।मानँव संगी मोरो बात।।
“शर्माबाबू” करले ध्यान। राम नाम के गा गुनगान।
जय गंगान।
•संपर्क-
•99775 33375
🤝🤝🤝🤝🤝🤝
chhattisgarhaaspaas
Previous Post नववर्ष विशेष : डॉ. नीलकंठ देवांगन
विज्ञापन (Advertisement)