• Chhattisgarh
  • विशेष : ताजमहल, कुत्सित इरादों से पुरानी बातों का दुहराव : ‘द ताज स्टोरी’ का ट्रेलर देखकर ऐसा लगता है कि फिल्म इस बेबुनियाद दावे का प्रचार करने की कोशिश है कि ताजमहल मूलत: तेजो महालय नाम का मंदिर था, जिसे शाहजहाँ ने मकबरा बना दिया- राम पुनियानी

विशेष : ताजमहल, कुत्सित इरादों से पुरानी बातों का दुहराव : ‘द ताज स्टोरी’ का ट्रेलर देखकर ऐसा लगता है कि फिल्म इस बेबुनियाद दावे का प्रचार करने की कोशिश है कि ताजमहल मूलत: तेजो महालय नाम का मंदिर था, जिसे शाहजहाँ ने मकबरा बना दिया- राम पुनियानी

10 months ago
441

ताजमहल को दुनिया के सात अजूबों में गिना जाता है। वह दुनिया में भारत की प्रमुख पहचानों में से एक है। ताजमहल संगमरमर पर उकेरी गई कविता है। गुरूदेव रबीन्द्रनाथ टैगोर ने इसे ‘काल के गाल पर अश्रु की एक बूंद‘ की संज्ञा दी थी। यह मुहब्बत की निशानी है। इसकी खूबसूरती और आकर्षण विलक्षण है। ताजमहल को यूनेस्को द्वारा विश्व धरोहर घोषित किया गया है। इसकी देखभाल भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) करता है। संगमरमर से बने इस अजूबे के प्रतिरूप भारत आने वाले राष्ट्राध्यक्षों को भेंट किए जाते थे।

मगर चूंकि इसे मुगल बादशाह शाहजहां ने अपनी पत्नी मुमताज महल की याद में बनवाया था, इसलिए यह हिन्दू दक्षिणपंथियों की आंख का कांटा रहा है। ताजमहल के इतिहास के संबंध में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने अपना अंतिम मत दे दिया है और 2017 में मोदी सरकार के संस्कृति मंत्री महेश शर्मा ने भी कहा था कि यह शिव मंदिर नहीं था, लेकिन दक्षिणपंथी नेताओं और विचारकों द्वारा जानबूझकर साम्प्रदायिक तनाव बढ़ाने के लिए बार-बार ताजमहल के मुद्दे पर विवाद खड़े किए जाते हैं। एएसआई ने भी कई बार साफ़ किया है कि यह एक मंदिर नहीं था और मकबरा ही है।

ताजमहल को लेकर पहला बड़ा विवाद योगी आदित्यनाथ के उत्तरप्रदेश का मुख्यमंत्री बनने के ठीक बाद खड़ा किया गया। उत्तर प्रदेश के पर्यटन विभाग ने प्रदेश के पर्यटक स्थलों के बारे में एक पुस्तिका प्रकाशित की। उसमें ताजमहल का जिक्र नहीं था। यह तब, जब कि रोजाना करीब 12,000 लोग इस चकित कर देने वाली इमारत को देखने आते थे। भारत के 23 प्रतिशत पर्यटक ताजमहल जाते हैं। लेकिन जब आदित्यनाथ से इस सबंध में सवाल किया गया तो उनका जवाब था कि ताजमहल भारतीय संस्कृति को प्रतिबिंबित नहीं करता!

अब ताजमहल पर परेश रावल की एक फिल्म आ रही है। इसके ट्रेलर में दिखाया गया है कि जैसे ही ताजमहल का गुबंद उठाया जाता है, वहां भगवान शिव नजर आते हैं। ‘द ताज स्टोरी‘ का ट्रेलर देखकर ऐसा लगता है कि फिल्म इस बेबुनियाद दावे का प्रचार करने की कोशिश है कि ताजमहल मूलतः तेजो महालय नाम का मंदिर था, जिसे शाहजहां ने मकबरा बना दिया।

इस फिल्म में यह दावा किया गया है कि ताज एक हिन्दू शिव मंदिर (तेजो महालय) था, जिसे चौथी सदी में निर्मित किया गया था (बाद में इसे बदल कर 11वीं सदी बताया जाने लगा) और इस मंदिर को मुगल शासक शाहजहां ने मकबरा बना दिया। ताजमहल चौथी सदी में निर्मित मंदिर था, यह बात पीएन ओक नाम के एक वकील ने पहली बार कही थी।

ऐतिहासिक साक्ष्यों के आधार पर इतिहासवेत्ता रूचिका शर्मा ने ओक के दावे को कोरी बकवास बताया है — ‘‘ओक फारसी नहीं जानते थे, इसलिए संभवतः उनका ध्यान उन महत्वपूर्ण विवरणों की ओर नहीं गया, जो उनके इस दावे को गलत सिद्ध करते हैं कि ताजमहल पहले मंदिर था।” गाईल्स टिलोट्सन जैसे इतिहासकार भी इस आधार पर ओक के दावे को चुनौती देते हैं कि “ताज जैसे ढांचे वाली इमारत का निर्माण करने की तकनीक मुगल-पूर्व भारत में मौजूद ही नहीं थी।”

ताजमहल के निचले हिस्से में मौजूद 21 खाली कमरों के बारे में भी भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने स्पष्टीकरण दिया है। वास्तुकला की दृष्टि से यह ढ़ांचे को स्थायित्व प्रदान करने के लिए बनाये गए ये कमरे खाली थे, जिनका इस्तेमाल इमारत की देखभाल करने के लिए ज़रूरी सामान को रखने के लिए होता है। यह स्पष्टीकरण भी मोदी सरकार के दौरान ही दिया गया था।

जब चौथी सदी वाला दावा काम नहीं आया, तो पी. एन. ओक ने उसमें बदलाव करते हुए कहा कि वह 12वीं सदी का मंदिर था। रुचिका शर्मा के अनुसार, ‘‘ओक ने अपनी मनगढ़ंत बातें और प्रोपेगेंडा जारी रखा और जुलाई 2000 में सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की, जिसमें यह दावा किया गया कि ताजमहल का निर्माण राजा परमार देव के प्रधानमंत्री सलकशन ने 12वीं शताब्दी में करवाया था। यह एक हिन्दू ढांचा तेजो महालय है और मुगलों द्वारा निर्मित नहीं है।”

ओक अपने इस दावे के साथ सर्वोच्च न्यायालय पहुंचे। सर्वोच्च न्यायालय ने उनकी फंतासी को ख़ारिज कर दिया, क्योंकि उनके पक्ष में कोई ऐतिहासिक साक्ष्य मौजूद नहीं थे। उनका मुख्य तर्क इमारत की वास्तुकला पर आधारित था – शिखर पर गुबंद, उल्टा कमल और सबसे नीचे 21 खाली कमरे।

इसी तरह बाद में अमरनाथ मिश्रा ने इलाहबाद उच्च न्यायालय में याचिका दायर की, जिसमें यह दावा किया गया था कि ताजमहल का निर्माण चंदेल सम्राट परमाड़ी द्वारा किया गया था। इसे भी न्यायालय ने 2005 में खारिज कर दिया।

ताजमहल के निर्माण के संबंध में विशुद्ध ऐतिहासिक स्त्रोतों में विस्तृत विवरण उपलब्ध है। पीटर मुंडी और टेवेरनियर नामक दो यात्री जिक्र करते हैं कि अपनी भारत यात्रा के दौरान उन्हें यह पता चला कि शाहजहां शोक में डूबे हुए हैं और उन्होंने तय किया है कि वे अपनी पत्नी मुमताज महल की याद में एक विशाल स्मारक बनवाएंगे। शाहजहां ने वास्तुविदों की मदद से इस बड़ी इमारत का खाका बनाया। उनके मुख्य वास्तुविद एक मुस्लिम (उस्ताद अहमद लाहौरी) थे, जिनके प्रमुख सहयोगी एक हिन्दू थे।

शाहजहां की जीवनी ‘बादशाहनामा’ में इस काम की योजना बनाने का और उस पर अमल करने के लिए जिन लोगों को इकठ्ठा किया गया था, उसका विस्तृत विवरण दिया गया है।

ताजमहल बनाने के लिए जिस ज़मीन को चुना गया, वह राजा जयसिंह की थी। इस भूमि को किस तरह हासिल किया गया, इसके दो अलग-अलग विवरण मिलते हैं। पहले विवरण के अनुसार जमीन वाजिब मुआवजा देकर हासिल की गई थी, वहीं दूसरे विवरण के अनुसार राजा जयसिंह ने शाहजहां से अपनी मित्रता के मद्देनजर जमीन उन्हें भेंट कर दी थी। ताज की वास्तुकला उस काल की मिली-जुली परंपराओं और शैलियों का प्रतिबिंब है।

दो गुबंदों वाले ढ़ांचे बनाने की शुरूआत मुगल वास्तुविदों ने की थी। लाल किला और हुमांयु का मकबरा इसके दो अन्य उदाहरण हैं। हिन्दू मंदिरों की छत त्रिकोणीय होती थी। बाद में मंदिरों के ऊपरी भाग को गुबंद के आकार में बनाया जाने लगा। वास्तुकला कोई स्थिर चीज़ नहीं है। उसमें बदलाव आते रहते हैं और वास्तुकलात्मक शैलियों का एक-दूसरे को प्रभावित करना सभ्यता के विकास की प्रक्रिया का अंग होता है।

बीस हजार कारीगरों को ताजमहल के निर्माण में लगाया गया। ताजमहल सहित उत्तर भारत में कई शानदार इमारतें इसलिए बन सकीं, क्योंकि मुगल शासन में एक अलग निर्माण विभाग हुआ करता था। फिर न जाने किस वजह से कहा जाने लगा कि सारे कारीगरों के हाथ काट दिए गए थे। इस दावे की पुष्टि किसी भी स्त्रोत से किसी तरह नहीं होती है। शाहजहां के काल के दस्तावेजों से हमें पता चलता है कि ताज के निर्माण में हुए खर्च का विस्तृत हिसाब रखा गया था।

हिसाब-किताब के कागजातों में मकराना से संगमरमर की खरीद पर हुए खर्च और मजदूरों को चुकाई गई मजदूरी का विवरण है। उस समय प्रचलित कई हिन्दू डिजाइनों को भी ढांचे का भाग बनाया गया क्योंकि हिन्दू वास्तुविद और कारीगर निर्माण की प्रक्रिया में शामिल थे।

मगर पीएन ओक की उर्वर कल्पनाशीलता की दाद दी जानी चाहिए। उनके लिए सारी दुनिया की सभ्यता की जड़ हिंदू संस्कृति में है। क्रिश्चियनिटी दरअसल कृष्ण नीति का बिगड़ा रूप है। वैटिकन शब्द वाटिका से बना है और रोम का नाम राम के नाम पर है! उनके इन खोखले दावों का कोई ऐतिहासिक साक्ष्य नहीं है, इसके बावजूद वे पुस्तकें और छोटी पुस्तिकाएं प्रकाशित करते रहे, जिन्हें उनके नजरिए को सामूहिक समझ का हिस्सा बनाने के लिए आरएसएस शाखाओं में बांटा जाता था।

ताजमहल के सबंध में फिल्म में किए गए ज्यादातर दावों (जो ट्रेलर में दिखाए गए हैं) के बारे में स्पष्टीकरण दस साल पहले ही दिया जा चुका है। इसके बावजूद उन्हें फिर से उछालने का उद्धेश्य शुद्ध राजनैतिक है और मुगल शासकों और उसके जरिए आज के मुसलमानों के प्रति घृणा फैलाने के हिन्दू राष्ट्रवादी एजेंडे को बल प्रदान करने के लिए किया जा रहा है।

यह फिल्म कश्मीर फाईल्स, बंगाल फाईल्स, केरेला स्टोरी और ऐसी ही अन्य फिल्मों की तरह एक प्रोपेगेंडा फिल्म है, जिसका लक्ष्य दक्षिणपंथी एजेंडे को ताकत देना है। यह समाज को बांटने और आज के भारत में पहले से फैली नफरत को और बढ़ाने का एक औजार है।

[ • लेखक राम पुनियानी आईआईटी मुंबई में पदस्थ हैं और सेंटर फॉर स्टडी ऑफ़ सोसाइटी एंड सेकुलरिज्म के अध्यक्ष हैं. ]

🟥🟥🟥

विज्ञापन (Advertisement)

ब्रेकिंग न्यूज़

खाद्य तेल के कम वजन वाले पैकेट पर सरकार का शिकंजा, अब सिर्फ 1 लीटर पैक की होगी बिक्री
breaking Chhattisgarh

खाद्य तेल के कम वजन वाले पैकेट पर सरकार का शिकंजा, अब सिर्फ 1 लीटर पैक की होगी बिक्री

220 की स्पीड पर ट्रेनों का ट्रायल! कंप्लीट होने वाला है हाई स्पीड टेस्ट ट्रैक का काम
breaking National

220 की स्पीड पर ट्रेनों का ट्रायल! कंप्लीट होने वाला है हाई स्पीड टेस्ट ट्रैक का काम

जिंगपिंग के भारत दौरे से पहले… NSA डोभाल ने चीन के उपराष्ट्रपति से की मुलाकात, जानें इस मीटिंग के मायने
breaking international

जिंगपिंग के भारत दौरे से पहले… NSA डोभाल ने चीन के उपराष्ट्रपति से की मुलाकात, जानें इस मीटिंग के मायने

छत्तीसगढ़ के पूर्व रणजी खिलाड़ी राजेश दवे को बड़ी जिम्मेदारी, एशिया कप के लिए बने टीम इंडिया के मैनेजर
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ के पूर्व रणजी खिलाड़ी राजेश दवे को बड़ी जिम्मेदारी, एशिया कप के लिए बने टीम इंडिया के मैनेजर

सितंबर में राशन लेने से पहले जान लें ये बड़ा बदलाव, एक साथ मिलेगा 2 महीने का चावल
breaking Chhattisgarh

सितंबर में राशन लेने से पहले जान लें ये बड़ा बदलाव, एक साथ मिलेगा 2 महीने का चावल

“खनिज संपदा से समृद्ध छत्तीसगढ़ को सोलर ऊर्जा से बनाएंगे और अधिक विकसित”: सांसद बृजमोहन अग्रवाल
breaking Chhattisgarh

“खनिज संपदा से समृद्ध छत्तीसगढ़ को सोलर ऊर्जा से बनाएंगे और अधिक विकसित”: सांसद बृजमोहन अग्रवाल

नीट छात्रों के साथ NSUI करेगी प्रदर्शन : स्वास्थ्य मंत्री ने कहा- Gen-Z युवाओं को भटकाने की कोशिश…
breaking Chhattisgarh

नीट छात्रों के साथ NSUI करेगी प्रदर्शन : स्वास्थ्य मंत्री ने कहा- Gen-Z युवाओं को भटकाने की कोशिश…

बाहर से बोगी, अंदर रेस्टोरेंट! भिलाई में शुरू होगा 50 सीटर बोगी रेस्ट्रो
breaking Chhattisgarh

बाहर से बोगी, अंदर रेस्टोरेंट! भिलाई में शुरू होगा 50 सीटर बोगी रेस्ट्रो

रायपुर, बिलासपुर समेत 24 जिलों में तेज हवाओं के साथ मध्यम बारिश और आकाशीय बिजली का अलर्ट
breaking Chhattisgarh

रायपुर, बिलासपुर समेत 24 जिलों में तेज हवाओं के साथ मध्यम बारिश और आकाशीय बिजली का अलर्ट

PM Awas Yojana पर आर-पार, विजय शर्मा ने दी बहस की चुनौती तो भूपेश बघेल ने कहा- मंजूर है
breaking Chhattisgarh

PM Awas Yojana पर आर-पार, विजय शर्मा ने दी बहस की चुनौती तो भूपेश बघेल ने कहा- मंजूर है

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का अहम फैसला, DNA जांच में पिता साबित हुआ युवक, 3 साल के बच्चे को हर महीने देगा 5 हजार
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का अहम फैसला, DNA जांच में पिता साबित हुआ युवक, 3 साल के बच्चे को हर महीने देगा 5 हजार

नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक सफलता के बाद बस्तर में विकास को मिली नई गति: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
breaking Chhattisgarh

नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक सफलता के बाद बस्तर में विकास को मिली नई गति: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

छत्तीसगढ़ में संपत्ति की मालकिन बन रही महिलाएं, सीएम साय के निर्णय से महिला आर्थिक सशक्तिकरण को मिली नई मजबूती…
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ में संपत्ति की मालकिन बन रही महिलाएं, सीएम साय के निर्णय से महिला आर्थिक सशक्तिकरण को मिली नई मजबूती…

छत्तीसगढ़ के कृषि विश्वविद्यालय पेपर लीक मामले में दुर्ग के प्रोफेसर समेत छह लोग गिरफ्तार, पुलिस ने किया गिरोह का भंडाफोड़
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ के कृषि विश्वविद्यालय पेपर लीक मामले में दुर्ग के प्रोफेसर समेत छह लोग गिरफ्तार, पुलिस ने किया गिरोह का भंडाफोड़

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट से NIT रायपुर को झटका, बिना शो-कॉज नोटिस कंपनी को किया था ब्लैकलिस्ट, कोर्ट ने रद किया आदेश
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट से NIT रायपुर को झटका, बिना शो-कॉज नोटिस कंपनी को किया था ब्लैकलिस्ट, कोर्ट ने रद किया आदेश

छत्तीसगढ़ वन विभाग में बड़ा फेरबदल, 9 अधिकारियों के हुए तबादले, देखें पूरी लिस्ट
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ वन विभाग में बड़ा फेरबदल, 9 अधिकारियों के हुए तबादले, देखें पूरी लिस्ट

महतारी वंदन योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा : सरकारी शिक्षक और क्लर्क उठा रहीं थी फायदा, अब सैलरी से होगी कटौती
breaking Chhattisgarh

महतारी वंदन योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा : सरकारी शिक्षक और क्लर्क उठा रहीं थी फायदा, अब सैलरी से होगी कटौती

छत्तीसगढ़ में 7,230 नए आवासों को मिली मंजूरी, तय समय में काम पूरा करने पर मिलेगा बोनस
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ में 7,230 नए आवासों को मिली मंजूरी, तय समय में काम पूरा करने पर मिलेगा बोनस

छत्तीसगढ़ की बेटी का सुप्रीम कोर्ट में चयन, सौम्या राठौर बनीं लॉ रिसर्च एसोसिएट, जांजगीर और रायपुर में खुशी की लहर
breaking Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ की बेटी का सुप्रीम कोर्ट में चयन, सौम्या राठौर बनीं लॉ रिसर्च एसोसिएट, जांजगीर और रायपुर में खुशी की लहर

विशेष लेख : श्रमिकों के सशक्तिकरण का नया दौर: छत्तीसगढ़ में श्रम कल्याण को मिल रही नई गति
breaking Chhattisgarh

विशेष लेख : श्रमिकों के सशक्तिकरण का नया दौर: छत्तीसगढ़ में श्रम कल्याण को मिल रही नई गति

कविता

आरंभ साहित्यिक मंच : उभरते हुए प्रगतिशील परंपरा एवं सोच के कवि डॉ. गिरधर चंद्रा ‘साज़’
poetry

आरंभ साहित्यिक मंच : उभरते हुए प्रगतिशील परंपरा एवं सोच के कवि डॉ. गिरधर चंद्रा ‘साज़’

इस माह की कवयित्री –  सेवानिवृत्त प्राचार्या शासकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय जुनवानी भिलाई जिला- दुर्ग छत्तीसगढ़ की श्रीमती वर्षा ठाकुर
poetry

इस माह की कवयित्री – सेवानिवृत्त प्राचार्या शासकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय जुनवानी भिलाई जिला- दुर्ग छत्तीसगढ़ की श्रीमती वर्षा ठाकुर

आरंभ साहित्यिक मंच : बांग्ला-हिंदी के सुविख्यात प्रगतिशील परंपरा के छोटी-छोटी कविताओं के रचनाशील कवि पल्लव चटर्जी
poetry

आरंभ साहित्यिक मंच : बांग्ला-हिंदी के सुविख्यात प्रगतिशील परंपरा के छोटी-छोटी कविताओं के रचनाशील कवि पल्लव चटर्जी

पावस रचना : दीप्ति श्रीवास्तव
poetry

पावस रचना : दीप्ति श्रीवास्तव

आरंभ साहित्यिक मंच – अर्पिता चौधुरी
poetry

आरंभ साहित्यिक मंच – अर्पिता चौधुरी

इस माह के ग़ज़लकार : सुशील यादव
poetry

इस माह के ग़ज़लकार : सुशील यादव

आरंभ साहित्यिक मंच : शुचि ‘भवि’
poetry

आरंभ साहित्यिक मंच : शुचि ‘भवि’

आज पढ़ें ‘आरंभ’ साहित्यिक मंच में बांग्ला और हिंदी के सुस्थापित कवि पल्लव चटर्जी
poetry

आज पढ़ें ‘आरंभ’ साहित्यिक मंच में बांग्ला और हिंदी के सुस्थापित कवि पल्लव चटर्जी

इस माह की कवयित्री : शुचि ‘भवि’
poetry

इस माह की कवयित्री : शुचि ‘भवि’

आरंभ साहित्यिक मंच : संध्या जैन
poetry

आरंभ साहित्यिक मंच : संध्या जैन

कवि और कविता : इस माह के कवि में नीलमचंद सांखला
poetry

कवि और कविता : इस माह के कवि में नीलमचंद सांखला

‘आरंभ’ साहित्यिक मंच : दीप्ति श्रीवास्तव
poetry

‘आरंभ’ साहित्यिक मंच : दीप्ति श्रीवास्तव

‘आरंभ’ साहित्यिक मंच : सुरभि ताम्रकार ‘शावि’
poetry

‘आरंभ’ साहित्यिक मंच : सुरभि ताम्रकार ‘शावि’

आरंभ साहित्यिक मंच : सोनिया नायडू
poetry

आरंभ साहित्यिक मंच : सोनिया नायडू

‘आरंभ साहित्यिक मंच’ : हरि प्रकाश गुप्ता ‘सरल’
poetry

‘आरंभ साहित्यिक मंच’ : हरि प्रकाश गुप्ता ‘सरल’

‘आरंभ’ साहित्यिक मंच : दीप्ति श्रीवास्तव
poetry

‘आरंभ’ साहित्यिक मंच : दीप्ति श्रीवास्तव

कवि और कविता : पल्लव चटर्जी
poetry

कवि और कविता : पल्लव चटर्जी

साहित्यिक पटल : सुरभि ताम्रकर ‘शावि’
poetry

साहित्यिक पटल : सुरभि ताम्रकर ‘शावि’

साहित्यिक ‘आरंभ’ : सुरभि ताम्रकार ‘शावि’
poetry

साहित्यिक ‘आरंभ’ : सुरभि ताम्रकार ‘शावि’

विश्व पर्यावरण दिवस पर विशेष दोहावली : ठाकुर दशरथ सिंह भुवाल सोनपांडर
poetry

विश्व पर्यावरण दिवस पर विशेष दोहावली : ठाकुर दशरथ सिंह भुवाल सोनपांडर

कहानी

लेख : कैलाश जैन बरमेचा
story

लेख : कैलाश जैन बरमेचा

कहानी : दीप्ति श्रीवास्तव
story

कहानी : दीप्ति श्रीवास्तव

लघु कथा : डॉ. प्रेमकुमार पाण्डेय
story

लघु कथा : डॉ. प्रेमकुमार पाण्डेय

लघुकथा : सरस सलिला – दीप्ति श्रीवास्तव
story

लघुकथा : सरस सलिला – दीप्ति श्रीवास्तव

आलेख : ‘बहकता बचपन’ – साजिद अली ‘सतरंगी’
story

आलेख : ‘बहकता बचपन’ – साजिद अली ‘सतरंगी’

स्वर्ग का न्याय : महेश की आत्मकथा – लेखक शायर नावेद रज़ा दुर्गवी
story

स्वर्ग का न्याय : महेश की आत्मकथा – लेखक शायर नावेद रज़ा दुर्गवी

कहानी : ‘पीहू’ – डॉ. दीक्षा चौबे
story

कहानी : ‘पीहू’ – डॉ. दीक्षा चौबे

संदेशप्रद लघु कथा : ‘पुकार’ – कैलाश बरमेचा जैन
story

संदेशप्रद लघु कथा : ‘पुकार’ – कैलाश बरमेचा जैन

लेखिका विद्या गुप्ता की कृति ‘मैं हस्ताक्षर हूँ’ की समीक्षा लेखक कवि विजय वर्तमान के शब्दों में – ‘मैं हस्ताक्षर हूँ’ यह विद्या गुप्ता की सच्ची, निर्भीक और सर्व स्वीकार्य घोषणा है
story

लेखिका विद्या गुप्ता की कृति ‘मैं हस्ताक्षर हूँ’ की समीक्षा लेखक कवि विजय वर्तमान के शब्दों में – ‘मैं हस्ताक्षर हूँ’ यह विद्या गुप्ता की सच्ची, निर्भीक और सर्व स्वीकार्य घोषणा है

मास्टर स्ट्रोक [व्यंग्य] : राजशेखर चौबे
story

मास्टर स्ट्रोक [व्यंग्य] : राजशेखर चौबे

लघु कथा : डॉ. सोनाली चक्रवर्ती
story

लघु कथा : डॉ. सोनाली चक्रवर्ती

सत्य घटना पर आधारित कहानी : ‘सब्जी वाली मंजू’ :  ब्रजेश मल्लिक
story

सत्य घटना पर आधारित कहानी : ‘सब्जी वाली मंजू’ : ब्रजेश मल्लिक

लघुकथा : डॉ. सोनाली चक्रवर्ती
story

लघुकथा : डॉ. सोनाली चक्रवर्ती

कहिनी : मया के बंधना – डॉ. दीक्षा चौबे
story

कहिनी : मया के बंधना – डॉ. दीक्षा चौबे

🤣 होली विशेष :प्रो.अश्विनी केशरवानी
story

🤣 होली विशेष :प्रो.अश्विनी केशरवानी

चर्चित उपन्यासत्रयी उर्मिला शुक्ल ने रचा इतिहास…
story

चर्चित उपन्यासत्रयी उर्मिला शुक्ल ने रचा इतिहास…

story

रचना आसपास : उर्मिला शुक्ल

story

रचना आसपास : दीप्ति श्रीवास्तव

story

कहानी : संतोष झांझी

story

कहानी : ‘ पानी के लिए ‘ – उर्मिला शुक्ल

लेख

‘साहित्य सृजन परिषद्’ के तत्वावधान में पावस ऋतु पर सरस काव्य गोष्ठी 26 जुलाई को इंदिरा गाँधी उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय सुपेला-भिलाई में अपराह्न 2.30 बजे से
Article

‘साहित्य सृजन परिषद्’ के तत्वावधान में पावस ऋतु पर सरस काव्य गोष्ठी 26 जुलाई को इंदिरा गाँधी उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय सुपेला-भिलाई में अपराह्न 2.30 बजे से

रवींद्र-नज़रूल उत्सव-2026 : ‘बंगीय साहित्य संस्था’ के तत्वावधान में रवींद्र-नज़रूल उत्सव 25 जुलाई को ‘ऑफिसर्स एसोसिएशन प्रगति भवन’ में प्रात:11.00 बजे से रात 8.00 बजे तक
Article

रवींद्र-नज़रूल उत्सव-2026 : ‘बंगीय साहित्य संस्था’ के तत्वावधान में रवींद्र-नज़रूल उत्सव 25 जुलाई को ‘ऑफिसर्स एसोसिएशन प्रगति भवन’ में प्रात:11.00 बजे से रात 8.00 बजे तक

काव्य संध्या : प्रगतिशील कवि डॉ. प्रेमकुमार पाण्डेय के निवास में दिव्या सक्सेना, विजया भारती, गजेंद्र द्विवेदी ‘गिरीश’, पारुल पांडेय, संजय मैथिल, युसूफ सागर, हाजी रियाज़ खान गौहर, मनमोहन मतवाला, ओम पांडेय, डॉ. नौशाद अहमद सिद्दीकी ‘सब्र’, छ्गनलाल सोनी, संतराम वर्मा और डॉ. आरबी कुशवाहा शामिल हुए
Article

काव्य संध्या : प्रगतिशील कवि डॉ. प्रेमकुमार पाण्डेय के निवास में दिव्या सक्सेना, विजया भारती, गजेंद्र द्विवेदी ‘गिरीश’, पारुल पांडेय, संजय मैथिल, युसूफ सागर, हाजी रियाज़ खान गौहर, मनमोहन मतवाला, ओम पांडेय, डॉ. नौशाद अहमद सिद्दीकी ‘सब्र’, छ्गनलाल सोनी, संतराम वर्मा और डॉ. आरबी कुशवाहा शामिल हुए

विशेष : भाईदूज, भाई-बहन के परस्पर प्रेम और दायित्व का त्योहार : भाईदूज और रक्षा बंधन की सनातनी मान्यताएं – श्रीमती संजीव ठाकुर
Article

विशेष : भाईदूज, भाई-बहन के परस्पर प्रेम और दायित्व का त्योहार : भाईदूज और रक्षा बंधन की सनातनी मान्यताएं – श्रीमती संजीव ठाकुर

Article

तीन लघुकथा : रश्मि अमितेष पुरोहित

व्यंग्य : देश की बदनामी चालू आहे ❗ – राजेंद्र शर्मा
Article

व्यंग्य : देश की बदनामी चालू आहे ❗ – राजेंद्र शर्मा

Article

लघुकथा : डॉ. प्रेमकुमार पाण्डेय [केंद्रीय विद्यालय वेंकटगिरि, आंध्रप्रदेश]

जोशीमठ की त्रासदी : राजेंद्र शर्मा
Article

जोशीमठ की त्रासदी : राजेंद्र शर्मा

18 दिसंबर को जयंती के अवसर पर गुरू घासीदास और सतनाम परम्परा
Article

18 दिसंबर को जयंती के अवसर पर गुरू घासीदास और सतनाम परम्परा

जयंती : सतनाम पंथ के संस्थापक संत शिरोमणि बाबा गुरु घासीदास जी
Article

जयंती : सतनाम पंथ के संस्थापक संत शिरोमणि बाबा गुरु घासीदास जी

व्यंग्य : नो हार, ओन्ली जीत ❗ – राजेंद्र शर्मा
Article

व्यंग्य : नो हार, ओन्ली जीत ❗ – राजेंद्र शर्मा

🟥 अब तेरा क्या होगा रे बुलडोजर ❗ – व्यंग्य : राजेंद्र शर्मा.
Article

🟥 अब तेरा क्या होगा रे बुलडोजर ❗ – व्यंग्य : राजेंद्र शर्मा.

🟥 प्ररंपरा या कुटेव  ❓ – व्यंग्य : राजेंद्र शर्मा
Article

🟥 प्ररंपरा या कुटेव ❓ – व्यंग्य : राजेंद्र शर्मा

▪️ न्यायपालिका के अपशकुनी के साथी : वैसे ही चलना दूभर था अंधियारे में…इनने और घुमाव ला दिया गलियारे में – आलेख बादल सरोज.
Article

▪️ न्यायपालिका के अपशकुनी के साथी : वैसे ही चलना दूभर था अंधियारे में…इनने और घुमाव ला दिया गलियारे में – आलेख बादल सरोज.

▪️ मशहूर शायर गीतकार साहिर लुधियानवी : ‘ जंग तो ख़ुद ही एक मसअला है, जंग क्या मसअलों का हल देगी ‘ : वो सुबह कभी तो आएगी – गणेश कछवाहा.
Article

▪️ मशहूर शायर गीतकार साहिर लुधियानवी : ‘ जंग तो ख़ुद ही एक मसअला है, जंग क्या मसअलों का हल देगी ‘ : वो सुबह कभी तो आएगी – गणेश कछवाहा.

▪️ व्यंग्य : दीवाली के कूंचे से यूँ लक्ष्मी जी निकलीं ❗ – राजेंद्र शर्मा
Article

▪️ व्यंग्य : दीवाली के कूंचे से यूँ लक्ष्मी जी निकलीं ❗ – राजेंद्र शर्मा

25 सितंबर पितृ मोक्ष अमावस्या के उपलक्ष्य में… पितृ श्राद्ध – श्राद्ध का प्रतीक
Article

25 सितंबर पितृ मोक्ष अमावस्या के उपलक्ष्य में… पितृ श्राद्ध – श्राद्ध का प्रतीक

Article

🟢 आजादी के अमृत महोत्सव पर विशेष : डॉ. अशोक आकाश.

Article

🟣 अमृत महोत्सव पर विशेष : डॉ. बलदाऊ राम साहू [दुर्ग]

Article

🟣 समसामयिक चिंतन : डॉ. अरविंद प्रेमचंद जैन [भोपाल].

राजनीति न्यूज़

breaking Politics

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने उदयपुर हत्याकांड को लेकर दिया बड़ा बयान

Politics

■छत्तीसगढ़ :

Politics

भारतीय जनता पार्टी,भिलाई-दुर्ग के वरिष्ठ कार्यकर्ता संजय जे.दानी,लल्लन मिश्रा, सुरेखा खटी,अमरजीत सिंह ‘चहल’,विजय शुक्ला, कुमुद द्विवेदी महेंद्र यादव,सूरज शर्मा,प्रभा साहू,संजय खर्चे,किशोर बहाड़े, प्रदीप बोबडे,पुरषोत्तम चौकसे,राहुल भोसले,रितेश सिंह,रश्मि अगतकर, सोनाली,भारती उइके,प्रीति अग्रवाल,सीमा कन्नौजे,तृप्ति कन्नौजे,महेश सिंह, राकेश शुक्ला, अशोक स्वाईन ओर नागेश्वर राव ‘बाबू’ ने सयुंक्त बयान में भिलाई के विधायक देवेन्द्र यादव से जवाब-तलब किया.

breaking Politics

भिलाई कांड, न्यायाधीश अवकाश पर, जाने कब होगी सुनवाई

धमतरी आसपास
Politics

धमतरी आसपास

Politics

स्मृति शेष- बाबू जी, मोतीलाल वोरा

Politics

छत्तीसगढ़ कांग्रेस में हलचल

breaking Politics

राज्यसभा सांसद सुश्री सरोज पाण्डेय ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से कहा- मर्यादित भाषा में रखें अपनी बात

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल  ने डाॅ. नरेन्द्र देव वर्मा पर केन्द्रित ‘ग्रामोदय’ पत्रिका और ‘बहुमत’ पत्रिका के 101वें अंक का किया विमोचन
Politics

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने डाॅ. नरेन्द्र देव वर्मा पर केन्द्रित ‘ग्रामोदय’ पत्रिका और ‘बहुमत’ पत्रिका के 101वें अंक का किया विमोचन

मरवाही उपचुनाव
Politics

मरवाही उपचुनाव

Politics

प्रमोद सिंह राजपूत कुम्हारी ब्लॉक के अध्यक्ष बने

Politics

ओवैसी की पार्टी ने बदला सीमांचल का समीकरण! 11 सीटों पर NDA आगे

breaking Politics

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, ग्वालियर में प्रेस वार्ता

breaking Politics

अमित और ऋचा जोगी का नामांकन खारिज होने पर बोले मंतूराम पवार- ‘जैसी करनी वैसी भरनी’

breaking Politics

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री, भूपेश बघेल बिहार चुनाव के स्टार प्रचारक बिहार में कांग्रेस 70 सीटों में चुनाव लड़ रही है

सियासत- हाथरस सामूहिक दुष्कर्म
breaking National Politics

सियासत- हाथरस सामूहिक दुष्कर्म

breaking Politics

हाथरस गैंगरेप के घटना पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने क्या कहा, पढ़िए पूरी खबर

breaking Politics

पत्रकारों के साथ मारपीट की घटना के बाद, पीसीसी चीफ ने जांच समिति का किया गठन